केंद्र सरकार द्वारा श्रम कानून में बदलाव को लेकर प्रकाश इम्प्लाइज यूनियन ने जताया विरोध..

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चांपा। देश के संयुक्त ट्रेड यूनियन मंच के आह्वान पर प्रकाश एंप्लाइज यूनियन इंटक के द्वारा वर्तमान केंद्र सरकार एवं कुछ राज्य सरकारों द्वारा कोविड-19 महामारी के इस संकट के दौरान श्रम कानूनों में किए जा रहे काले परिवर्तन का विरोध करने के लिए प्रकाश इंडस्ट्रीज लिमिटेड चांपा के इंटक भवन प्रांगण में आज एक दिवसीय विरोध प्रदर्शन किया साथ ही केंद्र सरकार द्वारा बदले गए इस श्रम कानून के विरोध में देश के समस्त ट्रेड यूनियन के आवाहन पर प्रकाश इम्प्लाइज यूनियन ने आज काला दिवस के रुप में मनाया।

विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए छत्तीसगढ़ इंटक के प्रदेशाध्यक्ष संजय कुमार सिंह ने प्रदर्शन में मौजूद मजदूरों को संबोधित करते हुए श्रमिकों से जुड़े मुद्दों एवं श्रम कानूनों में परिवर्तन पर अपनी बात रखी।केंद्र सरकार द्वारा श्रमिकों को राहत देने के नाम पर उनकी मूल पूंजी पीएफ में जो 2% की कटौती की गई है वह मजदूरों के लिए घातक है जो हम मजदूरों के साथ धोखा है।हमारी शुरू से मांग रही है कि इस पीएफ अभिदाय को बढ़ाकर मजदूर एवं उद्योगपतियों,दोनों के लिए 15% किया जाए किंतु सरकार ने इसे और घटा दिया। देश की जीडीपी में इन मजदूरों के अमूल्य योगदान को देश नकार नहीं सकता। राहत की आवश्यकता उद्योगपतियों से ज्यादा मजदूर वर्ग को है क्योंकि प्रधानमंत्री एवं वित्त मंत्री द्वारा घोषित 20 लाख करोड़ के राहत पैकेज में मजदूरों को कुछ नहीं मिला। कार्य के घंटे 8 से बढ़ाकर 12 कर दिए गए हैं जिससे बेरोजगारी और मजदूरों का शोषण और बढ़ेगा ।यह कार्य अवधि और श्रमिक हित से जुड़े कानून लगभग 134 साल के मजदूरों के लंबे संघर्ष का परिणाम है और केंद्र सरकार द्वारा किए जा रहे परिवर्तन देश एवं अर्थव्यवस्था के लिए आत्मघाती होंगे आज पूरे देश में श्रम कानूनों में किए जा रहे परिवर्तन के विरोध में संयुक्त ट्रेड यूनियन मंच के आह्वान पर देशव्यापी विरोध हो रहा है आज यह एक दिवसीय प्रदर्शन है। यदि केंद्र सरकार ने श्रम कानूनों में लाए गए सभी परिवर्तन वापस ले लिए तो बेहतर है अन्यथा देश के सभी ट्रेड यूनियन आगे की देशव्यापी रणनीति पर विचार करेंगे।साथ ही प्रदेशाध्यक्ष ने छत्तीसगढ़ राज्य के मुखिया भूपेश बघेल को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि उन्होंने केंद्र द्वारा श्रम क़ानूनो में किये जा रहे परिवर्तनों को छत्तीसगढ़ में अभी तक लागू नही किया। विरोध प्रदर्शन में प्रकाश एंप्लाइज यूनियन के अध्यक्ष शिवदयाल कर्ष, राष्ट्रीय यूथ इंटक के महासचिव दिव्यांशु सिंह, प्रदेश इंटक के सचिव तापस दत्ता सचिव अमरजीत सलूजा,शाश्वत धर दीवान एवं अन्य पदाधिकारी और श्रमिक भारी संख्या में उपस्थित थे।